1 हे परमेश्वर, तू मेरा परमेश्वर है।
2 हाँ, तेरे मन्दिर में मैंने तेरे दर्शन किये।
3 तेरी भक्ति जीवन से बढ़कर उत्तम है।
4 हाँ, मैं निज जीवन में तेरे गुण गाऊँगा।
5 मैं तृप्त होऊँगा मानों मैंने उत्तम पदार्थ खा लिए हों।
6 मैं आधी रात में बिस्तर पर लेटा हुआ
7 सचमुच तूने मेरी सहायता की है!
8 मेरा मन तुझमें समता है।
9 कुछ लोग मुझे मारने का जतन कर रहे हैं। किन्तु उनको नष्ट कर दिया जायेगा।
10 उनको तलवारों से मार दिया जायेगा।
11 किन्तु राजा तो अपने परमेश्वर के साथ प्रसन्न होगा।