1 हे राजकुमारी, कतेक सुघर लगत हें,
2 तोर पेट के बोर्री ह गोल कटोरा के सहीं अय,
3 तोर दूनों स्तन हिरन के दू ठन पीलामन के सहीं अंय,
4 तोर घेंच ह हाथी-दांत के मीनार के सहीं अय।
5 तोर मुड़ ह करमेल पहाड़ के सहीं तोला सोभा देवत हे।
6 हे मोर मयारू, तेंह कतेक सुघर
7 तोर डीलडौल ह खजूर के रूख के सही अय,
8 मेंह कहेंव, “में खजूर के रूख म चघहूं;
9 अऊ तोर मुहूं ह खांटी अंगूर के मंद सहीं होवय।
10 मेंह अपन मयारू के अंव,
11 हे मोर मयारू, आ, हमन गांव के खेत कोति जावन,
12 आ, हमन बिहनियां उठके अंगूर के बारी म जावन
13 दूदा फर ह अपन खुसबू बगरावत हे,