1 हे मेरे परमेश्वर, हे मेरे राजा, मैं तेरा गुण गाता हूँ!
2 मैं हर दिन तुझको सराहता हूँ।
3 यहोवा महान है। लोग उसका बहुत गुणगान करते हैं।
4 हे यहोवा, लोग उन बातों की गरिमा बखानेंगे जिनको तू सदा और सर्वदा करता हैं।
5 तेरे लोग अचरज भरे गौरव और महिमा को बखानेंगे।
6 हे यहोवा, लोग उन अचरज भरी बातों को कहा करेंगे जिनको तू करता है।
7 लोग उन भली बातों के विषय में कहेंगे जिनको तू करता है।
8 यहोवा दयालु है और करुणापूर्ण है।
9 यहोवा सब के लिये भला है।
10 हे यहोवा, तेरे कर्मो से तुझे प्रशंसा मिलती है।
11 वे लोग तेरे महिमामय राज्य का बखान किया करते हैं।
12 ताकि अन्य लोग उन महान बातों को जाने जिनको तू करता है।
13 हे यहोवा, तेरा राज्य सदा—सदा बना रहेगा
14 यहोवा गिरे हुए लोगों को ऊपर उठाता है।
15 हे यहोवा, सभी प्राणी तेरी ओर खाना पाने को देखते हैं।
16 हे यहोवा, तू निज मुट्ठी खोलता है,
17 यहोवा जो भी करता है, अच्छा ही करता है।
18 जो लोग यहोवा की उपासना करते हैं, यहोवा उनके निकट रहता है।
19 यहोवा के भक्त जो उससे करवाना चाहते हैं, वह उन बातों को करता है।
20 जिसका भी यहोवा से प्रेम है, यहोवा हर उस व्यक्ति को बचाता है,
21 मैं यहोवा के गुण गाऊँगा!