1 उस प्रदेश के राजा के लिये तुम लोगों को एक उपहार भेजना चाहिये। तुम्हें रेगिस्तान से होते हुए सिय्योन की पुत्री के पर्वत पर सेला नगर से एक मेमना भेजना चाहिये।
2 अरी ओ मोआब की स्त्रियों,
3 वे पुकार रही हैं, “हमको सहारा दो!
4 उन मोआब वासियों को अपना घर छोड़ने को विवश किया गया था।
5 फिर एक नया राजा आयेगा।
6 हमने सुना है कि मोआब के लोग बहुत अभिमानी और गर्वीले हैं।
7 समूचा मोआब देश अपने अभिमान के कारण कष्ट उठायेगा।
8 वे लोग बहुत दु:खी रहा करेंगे क्योंकि हेशबोन के खेत और सिबमा की अँगूर की बेलों में अँगूर नहीं लगा पा रहे हैं।
9 मैं उन लोगों के साथ विलाप करुँगा जो याजेर और सिबमा के निवासी हैं
10 अंगूर के बगीचे में आनन्द नहीं होगा और न ही वहाँ गीत गाये जायेंगे।
11 इसलिए मैं मोआब के लिये बहुत दु:खी हूँ।
12 मोआब के निवासी अपने ऊँचे पूजा के स्थानों पर जायेंगे।
13 यहोवा ने मोआब के बारे में पहले अनेक बार ये बातें कही थीं
14 और अब यहोवा कहता है, “तीन वर्ष में (उस रीति से जैसे किराये का मजदूर समय गिनता है) वे सभी व्यक्ति और उनकी वे वस्तुएँ जिन पर उन्हें गर्व था, नष्ट हो जायेंगी। वहाँ बहुत थोड़े से लोग ही बचेंगे, बहुत से नहीं।”