Salmos 103

HNE

1 हे मोर मन, यहोवा के परसंसा कर;

2 हे मोर मन, यहोवा के परसंसा कर,

3 ओह तोर जम्मो पाप ला छेमा करथे

4 ओह तोर जिनगी ला नास होय ले बचाथे

5 ओह बने-बने चीज के दुवारा तोर ईछा ला पूरा करथे

6 यहोवा ह जम्मो दुखी मनखेमन बर

7 ओह मूसा ला अपन रसता

8 यहोवा ह दयालु अऊ अनुग्रहकारी,

9 ओह हमेसा दोस नइं लगाही,

10 ओह हमर पाप के मुताबिक हमर ले बरताव नइं करिस

11 काबरकि अकास ह धरती ले जतेक ऊपर हे,

12 पूरब ले पछिम ह जतेक दूरिहा हवय,

13 जइसे एक ददा ह अपन लइकामन ऊपर दया करथे,

14 काबरकि ओह जानथे कि हमन कइसे बनाय जाथन,

15 मनखे के जिनगी ह कांदी सहीं होथे,

16 अऊ जब ओकर ऊपर हवा चलथे, त ओह नइं ठहिरय,

17 पर अनंतकाल ले अनंतकाल तक

18 याने कि ओमन ऊपर जऊन मन ओकर करार के पालन करथें

19 यहोवा ह अपन सिंघासन ला स्वरग म स्थापित करे हवय,

20 हे ओकर स्वरगदूतमन, यहोवा के परसंसा करव,

21 हे ओकर जम्मो स्वरग के जीवमन, हे ओकर सेवकमन,

22 हे ओकर जम्मो सिरिस्टी, ओकर राज म हर जगह

Ler em outra tradução

Comparar lado a lado