1 अतरान करीन हे चुखलो भाईस्यो, तुमू जो सोरगदूतीय बुलाहट मा भागी होय, ओको प्रेरित आरू डाहला पुजारा ईशु पर जिनाक पछतावो करता छे, ध्यान करू।
2 वो आपने नियुक्त करनेवाळान करता विश्वासयोग्य हुता, जोसो मूसा भी यहोवा–भगवानन सब घर मा हुता।
3 काहकि ईशु मूसा छे ओतरो बढ़ीन महिमान योग्य समझ गया छे, जोतरा घर क बनावनेवावा घर छे बढ़ीन विजुत राखता छे।
4 काहकि हर एक घर क काही नी काही बनावनेवावा हुयसे छे, पर जो सब काही बनाड़े वो यहोवा–भगवान छे।
5 मूसा तो यहोवा–भगवानन सब घर मा सेवकन समान विश्वासयोग्य रया कि जिन वातन वर्णन हुयने वालो हुता, तीन्दरी गवा देय।
6 पुन मसीह पोर्या समान यहोवा–भगवान क घर क हक छे; आरू उना क घर हामु छे, यदि हामु साहस पर आरू आपसी आश डाहळाय पर आखरी तक दृढ़ता छे स्थिर रोवे।
7 शेवली कावा जोसो चुखलो आत्मा कयता छे,
8 तो आपसा मन मा वातड़ो नी करो,
9 वा तुमरे बाबदादा ने मखे हेरीन पारखने आरू
10 इनीये कारण हाव ओको टेहाव क मानसे छे रीसवाला रया,
11 तव हाव ने रीस मा आवीन शपथ खादु,
12 हे भाईस्यो, चोकचौळीया रवु कि तुमू मा ओसो बुरो आरू विनभुरसा मन होय, जो तुमूक जीवता यहोवा–भगवान छे दूर हटाय ली जाय।
13 वरना जिना दाहड़े तक आज क दाहडु कयो जाता छे, हर दाहड़े एक दिसरा क समझता रया, ओसो नी होय कि तुमू मा छे काही जन पाप क छव मा आवीन वातड़ो होय जाय।
14 काहकि हामु मसीहन भागीदार होया छे, यदि हामु आपनो पेहलो विश्वास पर आखरी तक दृढ़ता छे स्थिर रोवे।
15 जोसो कयो जाता छे,
16 भला कुनीछे मानसे ने सोमवीन भी रीस देवाड्या? काय उन सब ने नी, जो मूसा क द्वारा मिस्र छे निकवता हुता?
17 आरू वो चावीस साल तक काहना मानसे छे रीसवाला रया? काय इनु छे नी जे पाप कर्या, आरू इन्दरो शव जंगल मा पड़ी रोवे?
18 आरू त्यो कुनीछे शपथ खादी कि तुमू मारे विश्राम मा भरायने करने नी देखछे? काय केवल इनु सी नी जी हुकुम नी मानी?
19 शेवली कावा हामु देखता छे कि वो विनभुरसा कारण भरायने नी कर सके।